नई दिल्ली, 25 अगस्त (आईएएनएस)। सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले पर सीबीआई कई लोगों से पूछताछ कर रही है, जिनमें अभिनेता के फ्लैटमेट सिद्धार्थ पिठानी भी शामिल रहे हैं। पिठानी ने कथित तौर पर सीबीआई से कहा था कि सुशांत के परिवार के कहने पर ही उन्होंने पंखे से लटकते शव को नीचे उतारा था। हालांकि अभिनेता के परिवार ने इस बात से इंकार करते हुए पिठानी पर झूठ बोलने का आरोप लगाया है।
सुशांत के परिवार के एक बेहद करीबी सदस्य ने नाम न जाहिर करने की शर्त पर आईएएनएस को बताया कि मीडिया में पिठानी के जो भी बयान सामने आ रहे हैं कि परिवार के सदस्यों के कहने पर ही बॉडी को नीचे उतारा गया था, यह झूठ है।
उन्होंने आगे यह भी कहा, बल्कि कोविड-19 महामारी के चलते परिवार के लोग 14 जून को दिल्ली से मुंबई देर शाम को पहुंचे थे और तब तक ऑटोप्सी के लिए बॉडी को कूपर हॉस्पिटल ले जाया जा चुका था।
सूत्रों के मुताबिक, इस दिन सुशांत की बॉडी मुंबई पुलिस द्वारा उनके बांद्रा वाले फ्लैट से कूपर हॉस्पिटल ले जाया गया था। हालांकि, उनका पोस्टमार्टम रात के 11 बजे शुरू हुआ। परिवार के इस सदस्य ने आगे इस बात पर भी सवाल उठाया कि सुशांत के कमरे की चाबी कैसे गायब हुई।
उन्होंने कहा, यह हम सभी के लिए बेहद चौंकानेवाला रहा है कि घर पर सबके रहते हुए भी चाबी गुम हो गई है। यह भी बेहद आश्चर्यजनक है कि चाबीवाले को बुलाया जाता है और उसे अंदर जाने की इजाजत नहीं दी जाती है। परिवार के सदस्य ने आगे आरोप लगाया कि पिठानी घर से काम किया करते थे।
उन्होंने यह भी कहा, बाद में वह रिया के लिए वीडियो भी एडिट किया करते थे जिनमें से ज्यादातर उनके इंस्टाग्राम पोस्ट के लिए हुआ करता था। वह यूजरनेम बुद्ध के साथ उन्हें टैग भी करती थीं। सुशांत के साथ बहन मीतू सिंह के रहने को लेकर आगे पूछे जाने पर इस पारिवारिक सूत्र ने कहा कि वह 8 अगस्त से 12 अगस्त तक सुशांत के साथ थीं।
एएसएन/एसजीके
.Download Dainik Bhaskar Hindi App for Latest Hindi News.
Source From
RACHNA SAROVAR
CLICK HERE TO JOIN TELEGRAM FOR LATEST NEWS

.
Post a Comment